Friday, 1 February 2019

story in hindi

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एक अनोखी जिंदगी की कहानी, story in hindi, 

एक अनोखी जिंदगी की कहानी : story in hindi

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वह एक छोटे बच्चे के साथ बहुत मुश्किल से अपना जीवन चला रहा था, उसे पता था की वह किस तरह छोटे बच्चे की देखभाल कर रहा था, यह बहुत मुश्किल भी था, क्योकि उसे अपना कमा भी साथ में चलाना था, उस छोटे बच्चे को भी साथ में रखना था, उसकी देख्बाहल के लिए उसने वह काम कर लिया था जिससे वह अपने बच्चे का भी ध्यान रख सकता था, वह पड़ोस में ही रहता था, उस आदमी के पड़ोस में एक बुढ़िया भी रहती थी, वह आदमी उसके पास शाम को चला जाता था

 

क्योकि वह बुढ़िया भी अकेले ही रहती थी बुढ़िया हमेशा उस आदमी से यही कहती थी की तुम्हे दूसरी शादी कर लेनी चाहिए क्योकि वही इस बच्चे का भी ख्याल रख सकती थी, लेकिन वह आदमी यही कहता था की मुझे नहीं लगता है की कोई इसका बहुत अच्छे से ख्याल रख सकता है मुझे नहीं पता है की कोई इसका ख्याल रख पायेगा भी या नहीं, इसलिए में इस बारे में सोचता नहीं हु, वैसे भी हम दोनों बहुत खुश है हमारी जिंदगी आसान नहीं है, मगर हम साथ में है तो यह जिंदगी भी कट जायेगी,

 

उनकी बातो से बुढ़िया को भी लग रहा था की वह जितना चाहे अपने आपको खुश दिखा रहा है मगर ऐसा नहीं है वह अंदर से भट दुखी लग रहा है उसे पता है की वह कितनी मुश्किल को झेल रहा है वही सच में जानता है की वह कितना परेशान है मगर वह किसी से नहीं कहता है क्योकि वह यह भी नहीं चाहता है की जो भी कोई दूसरा इस घर में आएगा वह उसके बच्चे का ख्याल रख पाएगा या नहीं, शायद वह यह सोचकर परेशान हो रहा है, मगर इस परेशानी को बुढ़िया समझ गयी थी इसका हल निकाल सकती है. 

बुढ़िया के पड़ोस में एक महिला रहती थी, वह उसके पास गयी और इस बारे में बात की थी, महिला ने कहा की में जल्दी ही इस बारे में सोचकर आपको बताती हु, हमे जल्दी ही इस समस्या का हल मिल जाएगा, बुढ़िया ने बताया की वह आदमी बहुत अच्छा है उसकी आदत भी बहुत अच्छी है मुझे अच्छा नहीं लगता है की वह परेशानी में मुझे नज़र आये मुझे तो यही लगता है की वह परेशानी से दूर जा सके तभी शायद वह खुश हो सकता है महिला ने कहा कि में इस बारे में जल्दी ही आपको बता दूंगी,

 

बुढ़िया वहा से चली जाती है, शायद उस आदमी की परेशानी जल्दी ही दूर हो जायेगी, इस बारे में वह आदमी नहीं जानता था की कुछ ऐसा भी हो रहा है जिसके बारे में उसे पता नहीं है, दो दिन बाद बुढ़िया उस आदमी से मिलने जाती है, वह आदमी बुढ़िया को देखकर कहता है की आज आप बहुत सुबह ही आयी है कोई जरुरी काम है, वह बुढ़िया बोली की बहुत जरुरी काम है मुझे तुमसे एक बात कहनी है जो शायद तुम कर सकते हो, वह आदमी कहने लगा की आप मुझे बताये,

 

बुढ़िया ने कहा ाकि तुम दूसरी शादी कर लो, तो बहुत अच्छा होगा, वह आदमी कहने लगा की आपको मेने इस बारे में अपनी राय बतायी थी फिर भी आप पूछने आ गयी है जबकि में ऐसा नहीं करना चाहता हु, वह बुढ़िया बोली में जानती हु, की तुम ऐसा क्यों सोचते हो मुझे पता है की तुम अपने बच्चे को बहुत प्यार करते हो, और इसी वजह से तुम दूसरी शादी नहीं करना चाहते हो, मगर तुम खुद भी सोचो की क्या जिंदगी इसी तरह चलती जायेगी, तुम्हारे परेशानी भी बढ़ती जा रही है तुम्हे उसे भी तो कम करना है,    

अगर तुम्हे ऐसा कोई साथी मिल जाए जो तुम्हारी नज़र में अच्छा हो, वह तुम्हारे बच्चे का भी ख्याल बहुत अच्छे से रख पाए तो तुम तैयार हो सकते हो, तो तुम मुझे बता सकते हो, मेने ऐसे ही एक साथी को खोज लिया है अगर तुम तैयार हो तो में बात कर सकती हु, वह आदमी भी इस बारे में जानता है, की अगर कोई उसके बच्चे को अपना समझ सके तो बहुत अच्छा होगा, उस आदमी ने कहा कि आप बड़े हो  आप कोई भी फैसला कर सकते हो, अगर आपको लगता है की वह बहुत अच्छी होगी,

 

तो आप बात कर सकते हो, मुझे कोई परेशानी नहीं होगी, बुढ़िया ने कहा की तुम उसे आज मिल सकते हो, अगर सब कुछ ठीक रहा तो जल्दी ही शादी कर सकते हो, दोपहर बाद वह मिलने चला गया था बुढ़िआ भी वही पर बैठी थी, और जिसके साथ उसकी शादी होने वाली थी वह भी वही पर आयी हुई थी, वह आदमी कहने लगा की मुझे नहीं पता है की तुम शादी के लिए कैसे तैयार हो गयी हो, मगर में अपने बारे में सब कुछ बता देता हु, जिससे तुम्हे सब पता चल पाए, उसके बड़ा वह आदमी सब कुछ बता चूका था,

 

उसके बाद भी वह शादी के लिए तैयार थी, जब वह बुढ़िया से मिला तो वह कहने लगा की मेरी बात सुनने के बाद भी उसने हां कैसे कह दी है, बुढ़िया ने कहा कि मेने उसे सब कुछ बता दिया था, इसलिए तुम्हे इस बारे में चिंता नहीं करनी चाहिए, क्योकि में भी यह सब जानती हु की उसे सब कुछ पता हो सके, जिससे कभी भी कोई परेशानी न आये, उसके बाद उसकी शादी हो गयी थी, शादी होने के बड़ा जैसा वह आदमी चाहता था वैसा ही हो रहा था,

 

वह उस बच्चे का ख्याल बहुत अच्छे से रख रही थी समय बीत गया था मगर उसका व्यवहार ऐसा ही था जैसा की पहले था, उसे यकीन नहीं था की सब कुछ अच्छा हो सकता है, मगर सब अच्छा चल रहा था उसका जीवन भी बहुत अच्छा हो गया था, हम जैसा सोचते है वैसा नहीं होता है मगर कभी कभी ऐसा ही होता है जैसा हम सोचते है इसलिए जीवन को हमेशा मौका देना चाहिए, शायद जीवन ही बदला जाए, यह कहानी आपको कैसी लगी है, हमे जरू बताये, 



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